Madhepura:शिक्षक के पुलिसकर्मी ने किया दुर्व्यव्हार,पुलिस महानिदेशक से की शिकायत

उदाकिशुनगंज थाना क्षेत्र से एक पुलिस कर्मी के द्वारा एक सरकारी शिक्षक के साथ दुर्व्यव्हार करने का मामला प्रकश में आया है.जहाँ शिक्षक को शिक्षक होना गुनाह हो गया.मामले में पीड़ित शिक्षक ने एसपी मधेपुरा,डी आई जी सहित अन्य अधिकारीयों को आवेदन प्रेषित कर शिकायत दर्ज़ कराई है.
जानकारी के अनुसार शिक्षक विजय कुमार पासवान, पिता भोला पासवान,मझहरपट्टी, वार्ड नं-03, थाना- उदाकिशुनगंज के रहने वाले हैँ.वह वर्तमान में उत्क्रमित मध्य विद्यालय हरेली में प्रधानाध्यापक के पद पर कार्यरत हैँ.
उन्होंने ने अपने शिकायत पत्र में बिहार पुलिस के एक पदाधिकारी की संवेदनहीनता और भ्रष्टाचार की ओर आकृष्ट करते हुए कहा है की मेरी पैतृक भूमि (खाता- 87, खेसरा- 1708 व 1709) मेरे दादाजी स्व० छतू पासवान के नाम से खतियानी है। मेरे पिता श्री भोला पासवान ने हम भाइयों के नाम उक्त भूमि का निबंधित केवाला (Registry) कर दिया है। वर्तमान में हमारे नाम से दाखिल-खारिज (Mutation) पूर्ण है और हम नियमित लगान रसीद कटा रहे हैं।विपक्षी उमेश साह का इस भूमि से कोई संबंध नहीं है।
जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, मधेपुरा ने 25 मार्च 2023 को (परिवाद संख्या- 9999901051222348200/1A) स्पष्ट आदेश दिया था कि विपक्षी के पास कोई कागजात नहीं है और पुलिस मेरी भूमि पर शांति सुनिश्चित करे,लेकिन पुलिस की ओर से आदेश का पालन नहीं किया गया.
उन्होंने आगे कहा की उनकी भूमि का असत्य रिपोर्ट बनाकर विभाग को समर्पित कर दिया गया है.उक्त स्पष्ट आदेशों और केवाला/रसीद जैसे पुख्ता सबूतों के बावजूद, सब-इंस्पेक्टर दीनानाथ राय ने विपक्षी से अनुचित लाभ लेकर एक असत्य जाँच रिपोर्ट (D.R. No-2639/25) समर्पित की है, जिसमें तथ्यों को जानबूझकर छिपाया गया है।
शिक्षक ने आगे ज़ब वह उक्त निबंधित दस्तावेज और रसीद लेकर थाने गया, तो सब-इंस्पेक्टर ने मेरे कागजात फेंक दिया.शिक्षक के विषय में अपशब्द कहे. इतना हीं नहीं पुलिसकर्मी ने पुलीसिया रौब दिखाते हुए तेवर में अपमानित शब्द का प्रयोग करते कहा की एक मास्टर की हमारे सामने क्या औकात है,बकवास करेगा, रिपोर्ट तो वही रहेगी जो हमने लिख दी है।इतना कहकर उन्हें थाने से चले जाने को कहा गया.पीड़ित शिक्षक पुलीसिया रौब देखकर थाने से चले जाना उचित समझा.
उन्होंने एसपी एवं डीआईजी बिहार पुलिस की छवि धूमिल करने वाले और कानून की धज्जियां उड़ाने वाले दोषी सब-इंस्पेक्टर दीनानाथ राय के विरुद्ध SC/ST Act के तहत कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है.
मामले में शिक्षकों ने भी खेद प्रकट करते हुए कहा है की एक पुलिस कर्मी के द्वारा इस तरह के शब्द का प्रयोग करना निंदनीय है.पुलिस पब्लिक के बिच अच्छे सम्बन्ध होने चाहिए. लोगों के साथ मानवीय व्यवहार करना चाहिए. ऐसे पुलिस कर्मी के ऊपर विभाग के अधिकारीयों के द्वारा कड़ी से कड़ी कार्यवाही करने की आवश्यकता है.
इधर पुलिस कर्मी ने बताया की उन्होंने कोई रिपोर्ट समर्पित नहीं की है.